न मिल सकने के कारण धनार्जन का यह स्वर्ण अवसर व्यर्थ सिद्व हो रहा है। जंगलों की कटाई करके उपनिवेश बसाने के लिए भी सरकार ने अत्यंत सुलभ सुविधाओं पर भूभाग देने की योजना बनाई है। इक्की-दुक्की ईसाई संस्थाओं ने इन सुविधाओं का लाभ उठाकर हिंदुस्थान स्थित संथाल आदि जनजातियों के लोगों को ईसाई बनाकर उधर ले जाकर जंगल काटकर उनका ईसाई उपनिवेश बनाने की योजना बनाई है, परंतु किसी भी भारतीय अथवा हिंदू व्यापारी का अभी तक इस ओर ध्यान नहीं गया है।
बसाहत की ओर चलो
अंदमान में पहले बंदियों की बसाहत थी, तब उधर जाने अथवा व्यापार करने में ढेर सारी कठिनाइयां आती थी। परंतु अब इतनी कठिनाई नहीं होती। अतः भारतीय लोगों को चाहिए कि उधर आजकल भूमि तथा बने-बनाए नारियल के बागान अल्प मूल्य में प्राप्त करने का अवसर हाथ से न निकलने दें और उधर जाकर उन समूहों के
सुनकर थोड़ी राहत मिली। कम-से-कम इस कमरे में तो वे चैन की नींद सोते होंगे। मैंने उसी अधिकारी से श्री वामनराव जोशी1 , सोमण2 आदि सह अभियुक्तों की ठाणे की जानकारी चाही।
चले भैया कालापानी
दो-चार दिन में अंदमान प्रस्थान करने के लिए सभी बंदियों की उस सेना को बाहर निकाला गया। अन्य बंदियों के साथ मैं भी कोठरी के पास तैयार होकर खड़ा रहा। पैरों में बेड़ियां, अंदमान के लिए एक अंगोछा, एक चद्दर और एक बंडी- इस तरह का वेश, बगल में जैसे-तैसे दबाया हुआ